नौगांव।
नगर में स्थित लोक निर्माण विभाग का ऐतिहासिक कार्यालय भवन जर्जर हालत में
है, जो कभी भी धराशायी हो सकता है। भवन की बदहाल स्थिति ने कर्मचारियों की
सुरक्षा और महत्वपूर्ण दस्तावेजों के नुकसान को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
प्राप्त
जानकारी के अनुसार लगभग 120 वर्ष पहले अंग्रेजों द्वारा निर्मित यह भवन
कभी नौगांव का संभागीय कार्यालय था और नगर की धरोहर के रूप में जाना जाता
था। वर्तमान में यहां लोक निर्माण विभाग का उप-संभागीय कार्यालय और
सुपरिंटेंडेंट इंजीनियर का कार्यालय संचालित हो रहा है। भवन में एसडीओ,
इंजीनियर और स्टाफ कार्यरत हैं, लेकिन छत से पानी का रिसाव होने के कारण
100 वर्ष पुराना रिकॉर्ड पूरी तरह खराब हो चुका है। काली पन्नी और लकडिय़ों
के सहारे टिका यह भवन कर्मचारियों के लिए जोखिम बना हुआ है। भवन की डिजाइन
मौसम के अनुकूल थी, जिसमें सर्दियों के लिए चिमनी की सुरंग, गर्मियों में
हवादार संरचना और बरसात में पानी रिसाव रोकने के लिए खपरैल की व्यवस्था थी
लेकिन वर्षों से रखरखाव न होने के कारण यह धरोहर अब ढहने की कगार पर है।
स्थानीय लोगों की मानें तो विभाग, जो अन्य भवनों की मरम्मत का जिम्मेदार
है, अपनी ही इमारत को नहीं बचा पा रहा है।