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छतरपुर पुलिस अधीक्षक अमित सांगी के नाम पर 50 हजार की ठगी....

छतरपुर पुलिस अधीक्षक अमित सांगी के नाम पर 50 हजार की ठगी....

 




सेना अधिकारी का फर्नीचर बेचने का सौदा किया और ऐसे लुट गया बुजुर्ग

 छतरपुर। सोशल मीडिया पर ठग ने सेना के अधिकारियों के फर्नीचर बेचने के नाम पर ठगी की हैं, मामला मध्यप्रदेश के ग्वालियर का है जहाँ ठगों ने एक रिटायर्ड सहकारिता अधिकारी से 50 हजार रुपये की ठगी कर दी, खास बात ये है कि शातिर ठगों ने इसके लिए एक आईपीएस अधिकारी वर्तमान छतरपुर पुलिस अधीक्षक अमित सांघी का फेक फेसबुक एकाउंट बनाया और ये धोखाधड़ी की है।

यह है पूरा मामला -

ग्वालियर के हरिशंकर पुरम में रहने वाले राजेश मंगल सहकारिता विभाग से रिटायर्ड है। ठगों ने उन्हें ग्वालियर के पूर्व एसपी अमित सांघी (वर्तमान में छतरपुर एसपी) के फेक फेसबुक आईडी बनाकर ठग लिया, शिकायत में राजेश मंगल ने बताया कि कल 29 फरवरी को उन्होंने आईपीएस अमित सांघी के नाम से बने एकाउंट पर एक पोस्ट देखी थी।इस पोस्ट में एक एयरफोर्स अधिकारी राजू दास ला इलेक्ट्रोनिक्स सामान और फर्नीचर 50 हजार रुपये में तुरंत बेचने के बारे में जानकारी दी गई थी, पोस्ट के साथ अधिकारी का मोबाइल नंबर भी लिखा था, चूँकि राजेश मंगल आईपीएस अमित सांघी से परिचित थे तो उन्हें शक नहीं हुआ और उन्होंने उस नंबर पर बात की क्योंकि उन्हें सौदा फायदे का लग रहा था।

 50 हजार रुपये में किया सौदा -

राजेश मंगल ने जब उस नंबर पर कॉल किया था तो कथित एयरफोर्स अधिकारी राजू दास ने उन्हें व्हाट्स एप पर सामान के वीडियो भेज दिए, राजेश मंगल को सामान पसंद आ गया तो उन्होंने मिलकर खरीदने की बात कही जिसपर राजू दास ने कहा कि वो बाहर है इसलिए आप ऑनलाइन ट्रांजिक्शन कर दीजिये वे एयरफोर्स की गाड़ी से सामान भिजवा देंगे। 

चूँकि पोस्ट आइपीएस अमित सांघी के नाम से थी तो राजेश मंगल ने कोई शक नहीं किया सोचा IPS है अपने एयरफोर्स मित्र की मदद कर रहे होंगे, उन्होंने 50 हजार रुपये ऑनलाइन राजू दास द्वारा भेजे गए एकाउंट पर भेज दिए, कथित एयरफोर्स अधिकारी ने पैसे मिलने के बाद कहा कि वे एयरफोर्स की गाड़ी से सामान भेज रहे हैं और डिलीवरी बॉय के नाम से एक नंबर भेज दिया।

 इसके पश्चात राजेश मंगल ने जब डिलीवरी बॉय के नंबर पर फोन लगाया तो उसने कहा कि वो सामान लेकर निकल रहा है उसे कैंटीन के 21400 रुपये देने होंगे जो रिफंडेबल है , चूँकि अभी उसके पास नहीं है तो वो उसे भेज दें वो सामान देते समय वापस कर देगा, उसने रुपये जल्दी ट्रांसफर करने की बार बार कही तो उन्हें शक हुआ जिसके बाद उन्हें समझ आया कि उनके साथ ठगी हो गई और उन्होंने पुलिस की साइबर सेल में जाकर इसकी शिकायत की।

पुलिस ने किया मामला दर्ज -

ग्वालियर के वर्तमान एसपी राजेश सिंह चंदेल ने कहा कि ऑनलाइन ठगी की शिकायत मिली है हमने आईटी एक्ट में मामला दर्ज किया है हमारी साइबर एक्सपर्ट टीम उन दोनों मोबाइल नंबरों को सर्च कर रही है जल्दी ही आरोपी पकड़ा जायेगा।इसके साथ ही एसपी ने लोगों से अपील की है कि कोई भी ऑनलाइन ट्रांजिक्शन करने से पहले उसे एक बार कन्फर्म  जरुर करे, सही व्यक्ति का हो तभी वहां पैसे ट्रांसफर करें।

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