By गौरव गोस्वामी
लवकुशनगर| माध्यमिक शाला टहनगा में उस समय हड़कंप मच गया, जब विद्यालय की छत का प्लास्टर अचानक गिर गया। गनीमत रही कि इस घटना में कोई बड़ी अनहोनी नहीं हुई। घटना के समय विद्यालय में 146 बच्चे मौजूद थे। ऐसे में यदि प्लास्टर किसी बच्चे के ऊपर गिरता, तो गंभीर हादसा हो सकता था।
दो बार भेजा गया मरम्मत का प्रस्ताव, फिर भी सवाल बरकरार-
जानकारी के अनुसार, विद्यालय की ओर से छत की मरम्मत के लिए दो बार प्रस्ताव भेजा जा चुका था। इसके बावजूद छत का प्लास्टर गिरने की घटना ने विद्यालय की सुरक्षा व्यवस्था और मरम्मत कार्य में देरी को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
विद्यालय में 146 बच्चों की मौजूदगी के बीच छत का प्लास्टर गिरना गंभीर चिंता का विषय है। सवाल यह है कि जब मरम्मत के लिए दो बार प्रस्ताव भेजा गया था, तो समय रहते आवश्यक कार्रवाई क्यों नहीं हुई? क्या किसी बड़े हादसे के बाद ही जिम्मेदार अधिकारी जागेंगे?
अब जरूरत है कि संबंधित विभाग तत्काल विद्यालय भवन का निरीक्षण कराए और मरम्मत कार्य शीघ्र शुरू करे, ताकि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।

